नीत्शे
- dhairyatravelsraip
- 18 जुल॰ 2021
- 1 मिनट पठन

नीत्शे: वो विचारक जिसने कहा था ‘ईश्वर मर चुका है’ और ‘दूसरों से जलना अच्छा है’ नीत्शे जिनके विचार देवत्व की स्थापना को खारिज करते हैं और मनुष्यता को सभ्यता के सर्वश्रेष्ठ सोपान पर स्थापित करते हैं. नीत्शे मनुष्य को मानवतावादी आदर्शों का ही अनुसरण करने को कहते हैं. वह मानते हैं कि ईश्वरीय गुणों से आभूषित होने की चाह रखने की बजाय श्रेष्ठ मनुष्य बनना अधिक श्रेयस्कर और लोक कल्याणकारी है.




टिप्पणियां